इस देश के चीफ जस्टिस को पकड़ना चाहता है US, गिरफ्तारी पर 50 लाख डॉलर का इनाम
नई दिल्ली. अमेरिका (America) और वेनेजुएला (Venezuela) के बीच पिछले कई सालों से चला आ रहा तनाव गहरा हो गया है. अमेरिका ने वेनेजुएला के चीफ जस्टिस मोरेनो पेरेज (Maikal Jose Moreno Perez) के सिर पर 5 लाख डॉलर के इनाम की घोषणा कर दी है. अमेरिका का कहना है कि जो भी उसे पेरेज के बारे में सूचना देगा, उसे ये इनाम की राशि दी जाएगी.
अमेरिका के विदेश मंत्री माइक पोम्पियो (Mike Pompeo) ने आरोप लगाया कि मोरेनो पेरेज रिश्वत लेकर मुकदमों का निपटारा कर रहे हैं. पोम्पियो के मुताबिक, पेरेज ने 20 से ज्यादा आपराधिक और सिविल मुकदमों में पक्षपात करने के लिए हाल के सालों में मोटी रिश्वत वसूली है. उन्होंने दावा किया कि अमेरिका के इस फैसले से वेनेजुएला में भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई तेज होगी और लोगों को सही इंसाफ मिलेगा.
वहीं अमेरिकी घोषणा के बाद वेनेजुएला ने उस पर हिटबैक किया. वेनेजुएला के विदेश मंत्रालय ने कहा कि अमेरिका हमारे देश में न्याय के सबसे ऊंचे शिखर सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस पर हमला कर रहा है. इसके लिए जंगली कबीलों की तरह झूठे आरोप और इनाम देने की शैली अपनाई जा रही है. वेनेजुएला ने कहा कि वह ट्रंप प्रशासन के इन झूठे और गैरकानूनी आरोपों को पूरी तरह खारिज करता है. उसकी यह हरकत वेनेजुएला की जनता और देश के एक संवैधानिक निकाय का अपमान है.
पेरेज मई 2017 से यूएस ट्रेजरी के प्रतिबंधों की ब्लैकलिस्ट में शामिल हैं. मंगलवार को अमेरिका के स्टेट डिपार्टमेंट की अलग सूची जारी की गई. जिसमें उन्हें कथित तौर पर पत्नी के साथ भ्रष्टाचार में शामिल बताया गया. वेनेजुएला की सुप्रीम कोर्ट को राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की सरकार का करीबी माना जाता है. आरोप है कि वर्ष 2017 में उन्होंने देश की विपक्षी नियंत्रित नेशनल असेंबली को निष्प्रभावी घोषित कर दिया था.
उसके बाद मुख्य विपक्षी नेता जुआन गुएदो ने करीब 18 महीने पहले खुद को देश का राष्ट्रपति घोषित कर दिया जिसे अमेरिका समेत 50 से ज्यादा देशों ने अपनी मान्यता भी दे दी. अमेरिका ने मादुरो को सत्ता से बाहर करने के लिए कई प्रतिबंध भी लगाए हैं. अमेरिका का मानना है कि 2018 में मादुरो द्वारा कराया गया चुनाव एक धोखा था.