नाबालिग से बलात्संग के आरोपी को 25 वर्ष का सश्रम कारावास

टीकमगढ़. मीडिया सेल प्रभारी एवं एडीपीओ नर्मदांजलि दुबे ने बताया कि दिनांक 03.09.2019 को दिन के 2 – 3 बजे के लगभग पीडि़ता उम्र 14 वर्ष खेत में बैल चरा रही थी उसके साथ दो पड़ौसी भी थे तभी आरोपी उदयभान लोधी निवासी ग्राम दुधियन खिरक मबई आया दोनों पड़ौसियों को चाटों एवं डण्डों से मारपीट की और पीडि़ता का हाथ पकड़कर खचोरता हुआ झाडि़यों में ले गया और पटक दिया, पीडि़ता के चिल्लाने पर उसका मुंह दबा दिया तथा माता-पिता को जान से मारने की धमकी दी और उसके साथ जबरजस्ती बलात्कार किया और पीडि़ता के माता-पिता और भाई को आता देख वहां से भाग गया। जिसकी रिपोर्ट पर थाना देहात टीकमगढ़ में धारा 376(3), 506 भाग-दो भा.दं.सं. एवं 3/4 पॉक्सो एक्ट का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया था। विवेचना के दौरान पीडि़ता का मेडीकल परीक्षण कराया गया एवं आरोपी को गिरफ्तार कर डीएनए परीक्षण हेतु उसका ब्लड सेंपल लेकर पीडि़ता से जब्तशुदा माल के साथ एफएसएल सागर भेजा गया। एफएसएल से प्राप्त डीएनए रिपोर्ट में पीडि़ता के अंत:वस्त्र, वैजाईनल स्लाईड और नाखून पर अभियुक्त की डीएनए प्रोफाईल प्राप्त हुई थी। आज दिनांक 17.03.2021 को उक्त प्रकरण में माननीय विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट के द्वारा अभियोजन द्वारा प्रस्तुत साक्ष्य को विश्वसनीय मानते हुये आरोपी उदयभान लोधी को धारा 376(3) भा.द.सं. एवं धारा 3/4 पॉक्सो एक्ट में दोषी मानते हुये आनुकल्पित दण्ड के तहत गुरूतर मात्रा में दण्डित करने हेतु धारा 376(3) भा.दं.सं. के अपराध में 25 वर्ष का सश्रम कारावास और 10,000/- (दस हजार) रूपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया है और अर्थदण्ड न देने पर 6 माह के सश्रम कारावास से दण्डित किये जाने का निर्णय पारित किया गया तथा पीडि़ता को पीडि़त प्रतिकर योजना के तहत पर्याप्त प्रतिकर दिलाये जाने की अनुशंसा भी की गई है। प्रकरण में शासन की ओर से पैरवी जिला अभियोजन अधिकारी श्री आर.सी. चतुर्वेदी के द्वारा की गई।