Tag: पशुपालक

गौठानों से जुड़कर स्व सहायता समूह की महिलाएं संवार रहीं अपना भविष्य

बिलासपुर. किसानों एवं पशुपालकों को आर्थिक लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा संचालित गोधन न्याय योजना ग्रामीण महिलाओं की आत्मनिर्भरता का सशक्त माध्यम बन गया है। गौठानों से जुड़कर स्व सहायता समूह की महिलाएं अपना भविष्य संवार रहीं है।गोधन न्याय योजना के अंतर्गत स्व सहायता समूह की महिलाएं पूर्ण तन्मयता के साथ वर्मी

रमन सिंह और भाजपा न्याय योजनाओं को लेकर भ्रम फैलाने और गुमराह करना बंद करें

रायपुर. कांग्रेस संचार विभाग के प्रमुख शैलेश नितिन त्रिवेदी ने कहा है कि किसानों पशुपालकों और मजदूरों से 2 रू. किलों में गोबर खरीदने की छत्तीसगढ़ सरकार की अद्भुत सफल एवं जनहितकारी योजना को लेकर भ्रम फैलाने और गुमराह करने का कड़ा प्रतिवाद किया है। दरअसल रमन सिंह को खेती, किसानी, गांव, गरीबों की समझ

2रू. किलों में गोबर खरीदी और 10 रू. किलो में किसानों को वर्मी कम्पोस्ट

रायपुर. पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष और वरिष्ठ विधायक धनेन्द्र साहू ने किसानों, पशुपालको और मजदूरों से 2रू. किलों में गोबर खरीदने की छत्तीसगढ़ सरकार की अद्भुत सफल एवं जनहितकारी योजना को लेकर भ्रम फैलाने और गुमराह करने का कड़ा प्रतिवाद करते हुये कहा है कि दरअसल रमन सिंह को खेती किसानी, गांव, गरीबों की समझ ही

ग्रामीण परिवेश में रोका-छेका पुरानी परम्परा रही है : कलेक्टर धावड़े

बलरामपुर/धीरेन्द्र कुमार द्विवेदी. पूरे प्रदेश में वृहद स्तर पर रोका-छेका कार्यक्रम आयोजित किया गया। बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के समस्त गोठानों में कृषकों तथा पशुपालकों द्वारा पशुओं को खुले में विचरण को प्रतिबंधित करने के संकल्प के साथ रोका-छेका कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत की गई। कलेक्टर  श्याम धावड़े तथा पुलिस अधीक्षक  टीआर कोशिमा ने विकासखंड कुसमी के

कलेक्टर ने रोका-छेका के तैयारियों का लिया जायजा

बलरामपुर/धीरेन्द्र कुमार द्विवेदी. छत्तीसगढ़ में रोका-छेका जैसी व्यवस्थाएं प्राचीन समय से चल रही है। नई फसल की बुआई के पूर्व पशुपालक अपने पशुओं को खुले में न छोड़कर चरवाहों के माध्यम से चरने के लिए भेज देते थे। ऐसे समय में पशुओं के खुले में चराई से फसलों का नुकसान होता है। राज्य शासन द्वारा

किसानों को पशुपालन के लिये प्रोत्साहित किए जाएं

बिलासपुर. बिलासपुर एवं गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिले के पशुपालकों एवं इस व्यवसाय से जुड़े महिला स्व-सहायता समूहों के सदस्यों से संचालक व्ही.माथेष्वरन ने विगत दिवस सघन भ्रमण कर चर्चा की। इस दौरान उन्होंने पशुपालकों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि अपने पशुओं का बेहतर देखभाल कर अधिक से अधिक लाभ प्राप्त करें। इस कार्य में क्षेत्रीय पशु
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