हिंदू धर्म में गरुड़ी पुराण का विशेष महत्व है. मान्यता है कि पक्षीराज गरुड़ ने भगवान विष्णु से कुछ प्रश्न पूछे थे. भगवान विष्णु ने जो पक्षीराज गरुड़ को उपदेश दिया, उसी पर गरुड़ पुराण की रचना की गई. यही कारण है कि गरुड़ पुराण को सभी पुराणों में खास महत्व का माना जाता है.
नई दिल्ली. हिंदू धर्म में गरूड़ पुराण को महापुराण कहा गया है. भगवान विष्णु के श्रीमुख से निकली बातें इस पुराण में समाहित हैं. यह पुराण मृत्यु, मृत्यु के बाद आत्मा के सफर, अच्छे-बुरे कर्मों, स्वर्ग-नर्क आदि के अलावा सुखी जीवन जीने के तरीके भी बताए गए हैं. गरुड़ पुराण बताता है कि हर व्यक्ति को
गरुड़ पुराण में जिंदगी और मौत (Life and Death) से जुड़े तमाम पहलुओं के बारे में बताया गया है. धर्म-शास्त्रों के मुताबिक गरुड़ पुराण (Garuda Purana) में बताई गईं बातें भगवान विष्णु (Lord Vishnu) द्वारा कही गईं हैं, जिस तरह गीता में लिखी बातें भगवान श्रीकृष्ण के मुखारबिंद से निकली हैं. गरुड़ पुराण के मुताबिक
नई दिल्ली. मृत्यु (Death) के बाद की रस्में (Rituals) बहुत अहम होती हैं, यदि वे न निभाईं जाएं तो मृतक की आत्मा (Soul) भटकती रहती है. वहीं परिजनों की जिंदगी भी मुसीबतों से घिर जाती है, उन्हें अपने पूर्वजों का आशीर्वाद नहीं मिलता है. गरुड़ पुराण (Garuda Purana) में जीवन और मृत्यु के अलावा मौत
नई दिल्ली. जिंदगी (Life) के अंतिम सत्य मृत्यु (Death) और उसके बाद के आत्मा के सफर के साथ-साथ अच्छा जीवन जीने के तरीके के बारे में भी गरुड़ पुराण (Garuda Purana) में विस्तार से बताया गया है. इसीलिए इसे महापुराण माना गया है. गरुड़ पुराण बताता है कि व्यक्ति के कर्म कैसे होने चाहिए. कौनसे
नई दिल्ली. मृत्यु (Death) ही अंतिम सच है. इससे लोगों को जितना डर लगता है, उतनी ही इसके बारे में जानने की उत्सुकता भी रहती है. हिंदू धर्म के पुराणों में गरुड़ पुराण (Garuda Purana) को बहुत अहम माना गया है. यह पुराण जीने के साथ-साथ मरने और उसके बाद की यात्रा के बारे में
नई दिल्ली. गरुण पुराण (Garuda Purana) में जीवन-मृत्यू (Life-Death) और मृत्यू के बाद के जीवन (Life after Death) के बारे में विस्तार से बताया गया है. इसके अलावा इसमें पाप-पुण्य, देवी-देवताओं की कृपा पाने के उपाय और खुशहाल जिंदगी पाने के तरीके भी बताए गए हैं. आज हम बात करेंगे गरुण पुराण में देवी लक्ष्मी की