कृष्ण कुंज से छत्तीसगढ़ की संस्कृति से जोड़कर पर्यावरण का संरक्षण होगा : कांग्रेस

रायपुर. कांग्रेस मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा वृक्षारोपण को जन अभियान बनाने के लिये उसको सांस्कृतिक और धार्मिक महत्व से जोड़ने को कांग्रेस ने ऐतिहासिक बताया है। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि भाजपा ने धर्म का उपयोग हमेशा से सांप्रदायिकता फैलाने के लिये किया। धर्म जोड़ने का काम करता है लेकिन भाजपा ने धर्म के माध्यम से विद्वेष फैलाया। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल धर्म का रचनात्मक उपयोग कर रहे। सही मायने में यही धर्म का मर्म है। कृष्ण कुंज योजना पूरे देश में अभिनव योजना है। भाजपा इसका विरोध करके छत्तीसगढ़ की संस्कृति का विरोध कर रही है। भाजपा राम, कृष्ण के नाम से योजना शुरू किये जाने से तिलमिला क्यों जाती है, दरअसल इस प्रकार के निर्णय से भाजपा को अपनी जमीन खिसकती नजर आती है। राम और कृष्ण छत्तीसगढ़ की संस्कृति से जुड़े हुए है। कृष्ण जन्माष्टमी के दिन प्रदेश के सभी नगरीय निकाय क्षेत्रों में कृष्ण कुंज में बरगद, पीपल, नीम, कदंब तथा अन्य पूजित वृक्षों का रोपण किया गया। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि भगवान कृष्ण का पर्यावरण से अटूट प्रेम था। उनका पूरा बचपन यमुना के किनारे कदंब की डाल पर बीता था। श्रीकृष्ण के नाम से कृष्ण कुंज बनने से लोगों की आस्था इससे जुड़ेगी तथा वृक्षारोपण एक महाअभियान बन कर सामने आयेगा। मनुष्य के लिये वृक्षों की अत्यधिक उपयोगिता होने के कारण ही हमारी परंपराओं में इन्हें महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है। परंतु पिछले कुछ सालों में नगरीय क्षेत्रों का तीव्र विकास होने के कारण पेड़ों की अंधाधुंध कटाई से वृक्षों का अस्तित्व खतरे में पड़ गया है। अगर यही स्थिति जारी रही तो कदाचित भावी पीढ़ियों को इन वृक्षों के परंपरागत महत्व के बारे में जानकारी तक नहीं हो सकेगी। वृक्षों की अमूल्य विरासत का संरक्षण हम सबका परम कर्तव्य है इसलिए जितने भी जीवनोपयोगी वृक्ष हैं, उन्हें सभी नगरीय क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर लगाया जायेगा तो पर्यावरण के साथ मानव जीवन का भी संरक्षण होगा।

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!