नाबालिग बालिका के साथ दुष्कर्म करने वाले आरोपी पिता को न्याायालय ने आजीवन सश्रम कारावास की सजा सुनाई

भोपाल. न्यायालय श्रीमती वंदना जैन अपर सत्र न्याायाधीश के न्यांयालय ने 08 वर्षीय नाबालिग बालिका के साथ गलत काम करने वाले आरोपी पिता तुलसीराम मालवीय उम्र 36 वर्ष को धारा 376 भादवि एवं 5/6 पाक्सो एक्ट में दोषी पाते हुये आजीवन सश्रम कारावास प्राकृतिक जीवनकाल तक एवं 2000रू के अर्थदंड से दंडित किया। शासन की ओर से अभियोजन का संचालन विशेष लोक अभियोजक श्रीमती सीमा अहिरवार ने किया। मीडिया प्रभारी सुश्री दिव्याक शुक्ला् ने बताया कि दिनांक 08/12/18 को अभियोक्त्रीा उम्र 8 वर्ष की मॉं ने थाना शाहजहांनाबाद उपस्थित होकर रिपोर्ट लेख कराई कि उसकी पहली शादी 2010 में संतोष से हुई थी, जिससे उसे दो बेटियां थी, पहली अभियोक्त्रीी उम्र 8 वर्ष और दूसरी बेटी उम्र 4 वर्ष थी। वर्ष 2016 में उसके पति का देहांत हो गया था, पति के देहांत के 6 माह बाद उसने आरोपी तुलसीराम मालवीय से कोर्ट में शादी कर ली थी। आरोपी से उसे कोई बच्चे नहीं है। आरोपी के साथ उसकी दोनो बच्चियां भी रहती थी। दिनांक 08/12/18 को शाम 5 बजे पीडिता की मॉं काम से लौटी तो पीडिता ने उसे बताया कि पापा ने उसके साथ गलत किया है, तब उसने पीडिता से प्यार से पूछा तो पीडिता ने उसे बताया कि आपके आने से 1 घंटे पहले आरोपी पिता ने उसके साथ गलत काम किया है। इसके पहले भी आरोपी ने उसके साथ गलत काम किया था, जिसका समय उसे याद नहीं है। न्यायालय में मामला पेश किया गया जिसमें आरोपी को दोषी पाते हुये दंडित किया गया।