गौधाम योजना सिर्फ हवाबाजी, सवा दो साल में मात्र 3 गौधाम बने जिसमें 600 पशुधन को संरक्षण बाकी सड़कों पर भूखे प्यासी भटक रही
रायपुर। भाजपा सरकार के गौधाम योजना को हवा हवाई बताते हुए प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा भाजपा सरकार की गौधाम, गौ-अभ्यारण बनाने की योजना सिर्फ हवा हवाई है, सवा दो साल में धरातल पर कही नजर नही आ रही है। सरकार जब मान रही है, प्रदेश में 1 लाख 84 हजार 993 से अधिक छुट्टा घुमन्तु गौवंश पशुधन है, जिसका कोई मालिक नही है। ऐसे में सवा दो साल में मात्र 3 गौधाम बनाकर पशुधन की संरक्षण की दावा झूठा एवं नकली है। सवा दो साल में 11 गौधाम का पंजीयन हुआ जिसमें मात्र 3 ही बन पाये है, एक गौधाम की क्षमता 200 पशुधन की है, ऐसे में 600 पशुधन को ही गौधाम में जगह मिला, शेष 1 लाख 84 हजार 303 पशुधन अभी भूखे प्यासे सड़क पर भटक रहे है। दुर्घटना और खुली चराई का कारण बन रहे है, ये सब भाजपा सरकार की गोठान के प्रति राजनीतिक द्वेष के चलते हो रहा है, गोठान में तालाबंदी के कारण हो रहा है।
प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि कांग्रेस की सरकार ने प्रदेश में 10000 से अधिक गोठान बनाए थे, उसमें से 7000 से अधिक गोठान आत्मनिर्भर थे। सरकार की उसमें फूटी कौड़ी नहीं लगती थी, महिला स्वसहायता समूह और गौठान समिति मिलकर उसका संचालन करती थी, गांव-गांव में पैरा दान होता था और डे केयर के रूप में वह पशुधन को संरक्षण देते थे, भाजपा की सरकार ने गोठानों में ताला लगाकर पशुधन के साथ अन्याय किया है, महिला स्व सहायता समूह से भी काम छीना है। गोठानो में तालाबंदी के चलते किसान भी खुली चराई से फसल बचाना मुश्किल हो रहा है। परेशान है दुर्घटनाएं हो रही है अभी सरकार ने सवा दो साल में पशुधन संरक्षण के लिए कोई काम नहीं किया।
प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा भाजपा सरकार बताये गौधाम योजना में चारा के लिए प्रति पशु प्रतिदिन 10 रु. निर्धारित किया गया है, इसमें कौन सा चारा मिलेगा? 10 रु. में पशुधन को भरपेट भोजन कैसे मिलेगा? 10 रु. में पशुधन के लिए चारा की व्यवस्था करने का निर्णय हास्यपद है। सरकार दावा कर रही है कि 1460 गौधाम बनायेगे तो जिसमे 5 एकड़ चारागाह के लिए जमीन दी जायेगी तो कितने स्थानों पर चारागाह की जमीन की व्यवस्था की गई है। भाजपा का गौधाम योजना सिर्फ फर्जी विज्ञापन बाजी है। भाजपा आरएसएस से जुड़े लोगों को पालने पोसने एवं सरकारी जमीन पर कब्जा देने की योजना है। इससे पशुधन को कोई लाभ नही होगा बल्कि संघ भाजपा के नेता मालामाल होंगे।


