काबुल. अफगानिस्तान (Afghanistan) पर कब्जे के बाद तालिबानी (Taliban) केवल महिलाओं और लड़कियों पर ही जुल्म नहीं ढा रहे, वो छोटे-छोटे बच्चों को भी बेरहमी से मौत के घाट उतार रहे हैं. अफगानिस्तान के पूर्व गृहमंत्री मसूद अंदाराबी (Masoud Andarabi) ने यह दावा किया है. उन्होंने तालिबान द्वारा कथित तौर पर मारे जा रहे बच्चों
काबुल. अफगानिस्तान पर तालिबानी कब्जे के बाद महिला सैनिक (Female Afghan Soldiers) खौफ में हैं. उन्हें डर है कि तालिबान (Taliban) के आतंकी उनके साथ बलात्कार (Rape) कर सकते हैं, उनके परिवार को खत्म कर सकते हैं. 2011 में गर्व के साथ अफगान नेशनल आर्मी में शामिल हुईं कुबरा बेहरोज (Kubra Behroz) को अपने अपहरण,
काबुल. अफगानिस्तान के राष्ट्रपति अशरफ गनी (Ashraf Ghani) देश छोड़कर भाग गए हैं और राष्ट्रपति भवन समेत पूरे देश पर तालिबान (Taliban) को कब्जा हो गया. हालांकि तालिबान ने अभी तक अपना प्रतिनिधि नियुक्त नहीं किया है, जो अफगानिस्तान की सत्ता को संभाले. इस बीच अफगानिस्तान के पूर्व उपराष्ट्रपति अमरुल्ला सालेह (Amrullah Saleh) ने खुद को
मास्को. तालिबान के कब्जे के बाद अफगानिस्तान के राष्ट्रपति अशरफ गनी देश छोड़कर भाग चुके हैं. वह अपने हेलीकॉप्टर में ठूंस-ठूंस कर नकदी भर ले गए हैं. बावजूद इसके जगह की कमी के कारण नोटों से भरे कुछ बैग रनवे पर ही रह गए. इस बात की जानकारी रूस की आधिकारिक मीडिया की ओर से
वॉशिंगटन. अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन (US President Joe Biden) ने अफगानिस्तान (Afghanistan) के हालात पर चुप्पी तोड़ते हुए अशरफ गनी (Ashraf Ghani) पर ठीकरा फोड़ दिया है. उन्होंने कहा कि गनी अफगानिस्तान को कठिन हालात में छोड़कर भाग गए. उनसे सवाल पूछा जाना चाहिए, वह बिना लड़े मुल्क से क्यों भागे? बता दें कि अपने
काबुल. तालिबान (Taliban) के क्रूर शासन से बचने के लिए अफगानी मुल्क छोड़कर भाग रहे हैं. पूरे अफगानिस्तान (Afghanistan) में भगदड़ मची हुई है. काबुल हवाईअड्डे पर हजारों की संख्या में लोग मौजूद हैं. हर किसी की कोशिश बस किसी तरह देश से बाहर निकलने की है. इसी जद्दोजहद में उड़ते विमान से गिरकर कुछ लोगों
काबुल. अफगानिस्तान (Afghanistan) के राष्ट्रपति अशरफ गनी (Ashraf Ghani) ने अपने देश छोड़ने की वजह बताई है. उन्होंने अपने फेसबुक पोस्ट में लिखा है कि वह इसलिए अफगानिस्तान से भागे ताकि लोगों को ज्यादा खून-खराबा न देखना पड़े. मुश्किल वक्त में मुल्क छोड़कर भागने के लिए अशरफ गनी की आलोचना हो रही है. भारत स्थित दूतावास
वॉशिंगटन. अफगानिस्तान (Afghanistan) पर तालिबानी कब्जे को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन (Joe Biden) की आलोचना हो रही है. सोशल मीडिया पर लोग उन्हें ट्रोल कर रहे हैं. पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) भी अफगान के हालात के लिए बाइडेन को दोषी करार दे चुके हैं. इसके अलावा, कई देश भी मुश्किल वक्त में अफगानिस्तान
काबुल. अफगानिस्तान (Afghanistan) की राजधानी काबुल पर तालिबान (Taliban) के कब्जे के साथ ही मुल्क में क्रूर शासन का रास्ता साफ हो गया है. तालिबान के फिर से सत्ता में आने से आवाम बुरी तरह खौफ में है. हजारों की संख्या में लोग देश छोड़कर जा रहे हैं और जिनके लिए जाना संभव नहीं है,
काबुल. अफगानिस्तान (Afghanistan) में खूनी की होली खेल रहे तालिबान (Taliban) ने भारत (India) से दोस्ती के संकेत दिए हैं. तालिबान ने कहा है कि अफगानिस्तान में भारत सहित किसी भी देश के इकोनॉमिक प्रोजेक्ट्स को कोई खतरा नहीं है. हालांकि, इसके लिए तालिबान ने एक शर्त भी रखी है. आतंकी संगठन का कहना है
काबुल. पाकिस्तान (Pakistan) बड़े पैमाने पर आतंकियों (Terrorist) को अफगानिस्तान भेज रहा है, ताकि खूनी लड़ाई में तालिबान (Taliban) के हाथ मजबूत किए जा सकें. वहीं, ऐसी भी खबर है कि पाकिस्तान सेना भी तालिबान की तरफ से लड़ाई लड़ रही है. पाकिस्तानी मंसूबों का खुलासा करते हुए अफगान सरकार (Afghan Government) ने बताया कि दस
इस्लामाबाद. अफगानिस्तान (Afghanistan) के राष्ट्रपति अशरफ गनी (Ashraf Ghani) ने तालिबान के मुद्दे पर पाकिस्तान (Pakistan) को बेनकाब क्या किया, इमरान खान (Imran Khan) गुस्से से तिलमिला गए. इस तिलमिलाहट में उन्होंने पाकिस्तान में अफगानिस्तान के राजदूत को तलब किया और अपनी भड़ास निकाल दी. हालांकि, वह खुद भी जानते होंगे कि अशरफ गनी ने जो
काबुल. पाकिस्तान (Pakistan) को अफगानिस्तान (Afghanistan) में हाई लेवल बेइज्जती का सामना करना पड़ा है. दरअसल, अफगानिस्तान यात्रा पर गए एक पाकिस्तानी संसदीय प्रतिनिधिमंडल को हवाईअड्डे के टावर ऑपरेटर ने सुरक्षा का हवाला देते हुए लैंडिंग की इजाजत नहीं दी. इतना ही नहीं, यात्रा रद्द करने की सूचना भी प्रतिनिधिमंडल को ऑपरेटर द्वारा ही दी
वॉशिंगटन अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन (Joe Biden) अपनी पहली ही प्रेस कांफ्रेंस (Press Conference) में गलती कर बैठे, जिसकी वजह से अब उन्हें शर्मिंदगी झेलनी पड़ रही है. दरअसल, पत्रकारों के सवालों का जवाब देते वक्त बाइडेन अफगानिस्तान के राष्ट्रपति अशरफ गनी (Ashraf Ghani) का नाम भूल गए और उनकी जगह पाकिस्तान सेना के
काबुल. पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान (Imran Khan) की यात्रा को लेकर अफगानिस्तान (Afghanistan) में विरोध-प्रदर्शन हो रहे हैं. गुरुवार को भारी संख्या में लोगों ने काबुल की सड़कों पर उतरकर पाकिस्तान के खिलाफ नारेबाजी की. प्रदर्शनकारियों के हाथों में बैनर और पोस्टर थे, जिन पर लिखा था, ‘पाकिस्तान आतंकवाद का जनक, प्रायोजक और निर्यातक है’.
काबुल. अफगान तालिबान (Afghan Taliban) और अमेरिका के बीच समझौता होने के 24 घंटे के अंदर ही इसके रास्ते की बाधाएं सामने आने लगी हैं. अफगानिस्तान के राष्ट्रपति अशरफ गनी (Ashraf Ghani) ने रविवार को साफ शब्दों में कहा कि समझौते में शामिल तालिबान बंदियों की रिहाई के प्रावधान को लागू करने पर वह कोई प्रतिबद्धता
काबुल. अफगानिस्तान के राष्ट्रपति अशरफ गनी की रैली में हुए भीषण बम धमाके में 24 लोगों के मारे जाने की खबर है. अफगानिस्तान के नॉर्दन परवान प्रांत में हुए इस धमाके में 31 लोग घायल हुए है. अफगानी अधिकारियों के मुताबिक यह धमाका एक पुलिस वाहन में राष्ट्रपति अशरफ गनी के रैली स्थल करीब हुआ. राष्ट्रपति