विश्व हिंदी परिषद का 23 सितंबर को वैचारिक गोष्ठी
30-31 अक्टूबर को दिल्ली में राष्ट्रीय आयोजन
बिलासपुर. विश्व हिंदी परिषद के विस्तार और संवर्धन के उद्देश्य से दिल्ली से आए संगठन के राष्ट्रीय महासचिव श्री विपिन एवं प्रदेश अध्यक्ष डॉ.संगीता बनाफर ने हाल ही में महामहिम राज्यपाल तथा मुख्यमंत्री जी से शिष्टाचार भेंट की।
इस अवसर पर दिल्ली से आए राष्ट्रीय महासचिव ने प्रदेश अध्यक्ष डॉ.संगीता बनाफर को बधाई देते हुए कहा कि “हिंदी को वैश्विक पटल पर स्थापित करने तथा देश के हर शैक्षणिक संस्थान तक इसके प्रचार-प्रसार के लिए परिषद निरंतर संकल्पबद्ध है, छत्तीसगढ़ की टीम इस साहित्यिक व सांस्कृतिक ऊर्जा को एक नई दिशा दे रही है।
उन्होंने आगे कहा, पिछले तीन वर्षों की आपकी सतत साधना और एक स्पष्ट लक्ष्य लेकर किए गए समर्पित कार्य का ही परिणाम है कि आज छत्तीसगढ़ में विश्व हिंदी परिषद की इतनी विशाल एवं सशक्त इकाई खड़ी हो सकी है।इसके लिए आप हार्दिक बधाई की पात्र हैं।”
भेंट के दौरान आगामी 30 और 31 अक्टूबर को दिल्ली के प्रतिष्ठित विज्ञान भवन में आयोजित होने वाले भव्य राष्ट्रीय सम्मेलन हेतु महामहिम राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री जी को औपचारिक आमंत्रण पत्र सौंपा गया। मुख्यमंत्री जी ने कार्यक्रम में शामिल होने की अपनी सहमति प्रदान कर दी है, जबकि महामहिम राज्यपाल महोदय ने निर्धारित तिथियों में असम प्रवास की संभावना के बीच अपनी शुभकामनाएँ प्रेषित की हैं।
इसी क्रम में,राष्ट्रीय महासचिव विपिन जी ने राजभाषा आयोग के पूर्व अध्यक्ष एवं थावे यूनिवर्सिटी के कुलपति डॉ.विनय पाठक जी को भी दिल्ली के कार्यक्रम हेतु आमंत्रित किया है, जिस पर उन्होंने अपनी सहर्ष स्वीकृति प्रदान कर दी है।
इसके अतिरिक्त,आगामी 23 सितंबर को छत्तीसगढ़ स्थित मुख्यमंत्री निवास (जन दर्शन भवन) में विश्व हिंदी परिषद द्वारा एक भव्य वैचारिक गोष्ठी का आयोजन किया जाएगा जिसमें प्रदेश भर के साहित्यकार और प्रबुद्धजन सम्मिलित होंगे।
उल्लेखनीय है कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री जी ने भी देश भर के विद्यालयों एवं विश्वविद्यालयों में विश्व हिंदी परिषद से संबंधित गतिविधियों के विस्तार हेतु राष्ट्रीय महासचिव को विशेष पत्र प्रेषित कर अपना समर्थन व्यक्त किया है।छत्तीसगढ़ इकाई के इस सशक्त योगदान हेतु सभी सदस्यों के प्रयासों की सराहना की गई है।


