Tag: Ethics Of Chanakya

हो जाएं सावधान, इन हालातों में नष्‍ट हो जाता है ज्ञान, धन और खानदान!

चाणक्‍य नीति अच्‍छा जीवन जीने के तरीके बताती है, साथ ही गलतियों से आगाह भी करती है. ताकि व्‍यक्ति मुसीबतों से बचा रहे. आचार्य चाणक्‍य ने अपने नीति शास्‍त्र में कुछ ऐसी गलतियों के बारे में बताया है जिन्‍हें करने से हर व्‍यक्ति को बचना चाहिए, वरना उसका जीवन तबाह हो जाता है. आइए हम

बुरे वक्‍त से बचना चाहते हैं तो गांठ बांध ले ये बातें

नई दिल्‍ली. जीवन में उतार-चढ़ावा आना स्‍वाभाविक बात है लेकिन कई बार हम खुद भी इनके लिए जिम्‍मेदार होते हैं. हमारे अच्‍छे-बुरे काम हमें सफलता-असफलता देते हैं. महान विद्वान आचार्य चाणक्‍य ने कुछ ऐसी बातों से दूर रहने के लिए कहा है जो हमें बुरे वक्‍त की ओर ले जाती हैं. यदि इन बातों को अपना

कभी भी इन 5 लोगों से न लें दुश्‍मनी, नहीं तो जिंदगी हो जाएगी तबाह

नई दिल्‍ली. जीवन में दुश्‍मनों का या बुरा चाहने वालों का होना आम बात है. कई बार हमें ऐसे लोग साफ नजर आते हैं लेकिन कई बार हम इन्‍हें पहचानने में गलती कर बैठते हैं. फिर ये गलतियां जिंदगी पर बहुत भारी पड़ती हैं. महान विद्वान और कूटनीतिज्ञ आचार्य चाणक्य कहते हैं कि अपने जीवन में

इन 4 बातों से रहेंगे दूर तो नहीं टूटेगी लव-मैरिड लाइफ

नई दिल्‍ली. लव लाइफ और मैरिड लाइफ के मामले में कई बार एक छोटी सी समस्‍या भी बहुत बड़ा रूप ले लेती है और रिश्‍ता टूटने की कगार पर पहुंच जाता है. कुछ मामलों में तो रिश्‍ता टूट भी जाता है. महान विद्वान, कूटनीतिज्ञ और व्‍यवहारिक जीवन के बहुत अच्‍छे मार्गदर्शक आचार्य चाणक्य ने रिश्‍तों को

ये 3 चीजों से बना ले दूरी, वरना बहुत पछताएंगे

नई दिल्‍ली. अच्‍छा और सफल जीवन जीने के लिए कुछ बातें अपनानी जरूरी हैं. ऐसा भी कह सकते हैं कि सफल लोगों में कुछ बातें कॉमन होती हैं. यही वो चीजें या गुण हैं जो उन्‍हें सफल बनाने में अहम रोल निभाते हैं. महान विद्वान, अर्थशास्‍त्री और कूटनीतिज्ञ आचार्य चाणक्‍य ने भी ऐसी कई बातें बताईं

ये गलती अमीर को भी गरीबी में जीने पर कर देती है मजबूर! जान लें वजह वरना पछताएंगे

नई दिल्‍ली. पैसे कमाने के लिए मेहनत, बुद्धिमानी और योग्‍यता की जरूरत होती है. व्‍यक्ति अमीर बनने के लिए कई तरह के जतन करता है लेकिन कभी-कभी उसकी एक गलती सारे किए कराए पर पानी फेर देती है. महान अर्थशास्‍त्री आचार्य चाणक्य ने पैसों की इसके पीछे कुछ खास वजहें बताईं हैं. आचार्य चाणक्‍य द्वारा