भाजपा के राज में महिलाये डर के साये में जीने को मजबूर – कांग्रेस
रायपुर. प्रदेश कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता वंदना राजपूत ने कहा कि भाजपा की सरकार बनने के बाद प्रदेश अपराध का गढ़ बन चुका है। बालोद में छात्रा पर एसिड अटैक की घटना इससे पहले दुर्ग जिले में कांवड यात्रा पर महिला पर एसिड अटैक की घटना ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाएं बताती हैं कि अपराधियों में कानून का भय खत्म हो गया है और भाजपा सरकार महिलाओं एवं बेटियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में पूरी तरह विफल साबित हो रही है।एक घटना के बाद दूसरी घटना सामने आ रही है, लेकिन सरकार की ओर से केवल बयान और औपचारिक कार्रवाई दिखाई देती है। जब अपराधी खुलेआम महिलाओं और छात्राओं को निशाना बनाने का दुस्साहस कर रहे हैं, तो सरकार की पुलिसिंग और कानून का डर आखिर कहां है?राज्य में महिलाएं और लड़कियां सुरक्षित नहीं है। प्रदेश में हर दिन 8 महिलाएं दुराचार का शिकार हो रही है अर्थात् हर तीन घंटे में एक महिला के साथ बलात्कार की घटना हो रही है। महिलाओं को घर में घुसकर गोली मारी जा रही, राजधानी में गैंगरेप हो जाता है, एसिड अटैक हो रहा है।
प्रदेश कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता वंदना राजपूत ने कहा कि यह प्रदेश की बिगड़ चुकी कानून व्यवस्था का बेहद ही क्रूर उदाहरण है। प्रदेश में अब बेटियां भी सुरक्षित नहीं है। छात्रा लाइब्रेरी से पढ़ाई करके घर वापस जा रही थी, उसके ऊपर ऐसिड से हमला किया गया जिसमें वह गंभीर रूप से घायल हो गयी है। यह घटना बेहद ही चिंता का विषय है। गृहमंत्री इस घटना की नैतिक जिम्मेदारी ले और तत्काल अपने पद से इस्तीफा दे।
प्रदेश कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता वंदना राजपूत ने कहा कि भाजपा ने महतारी वंदन के नाम पर सिर्फ छलावा किया है, असली महतारी वंदन बहनों को ‘सुरक्षा और सम्मान’ देना है, जो यह सरकार देने में नाकाम रही है। एसिड की खुलेआम बिक्री पर सुप्रीम कोर्ट के कड़े दिशा-निर्देशों के बावजूद छत्तीसगढ़ में इस पर कोई प्रशासनिक नियंत्रण नहीं है। पुलिस परिवार की बेटियां सुरक्षित नहीं हैं, तो आम गरीब, किसान और मजदूर परिवार की बेटियों की सुरक्षा का क्या हाल होगा? आज प्रदेश की माताओं और बहनों के मन में डर का माहौल व्याप्त है। कहाँ है डायल 112 का खौफ? पिछले 10 महीनों में प्रदेश में महिला अपराधों में अप्रत्याशित बढ़ोतरी हुई है, क्या गृह विभाग सिर्फ ट्रांसफर-पोस्टिंग उद्योग चलाने में व्यस्त है? जब राजधानी से लेकर जिलों तक पुलिस अलर्ट का दावा किया जाता है, तो एसिड फेंकने वाला आरोपी दिनदहाड़े वारदात को अंजाम देकर ‘पैदल’ कैसे फरार हो गया? छत्तीसगढ़ में अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हैं कि कानून हाथ जोड़कर खड़ा है और अपराधी तेज़ाब लेकर खुलेआम घूम रहे हैं।
प्रदेश कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता वंदना राजपूत ने कहा कि बालोद में एसिड अटैक यह घटना सामान्य नहीं है। इस घटना ने पूरे को झकझोर कर रख दिया है। कैसे कोई छात्रा निर्भीक होकर सड़कों पर निकलेगी? कैसे स्कूल, कॉलेज और कार्यस्थल पर जाएगी इस घटना से प्रदेश में भय का वातावरण बना हुआ है।


