प्रकृति की गोद में शिक्षक दिवस पर योग गुरु महेश अग्रवाल का सम्मान
भोपाल। शिक्षक दिवस के अवसर पर 5 सितम्बर को स्वर्ण जयंती पार्क में नियमित योग साधकों के समूह द्वारा योग गुरु महेश अग्रवाल के प्रति सम्मान एवं कृतज्ञता व्यक्त की गई।
प्रकृति की गोद में स्थित स्वर्ण जयंती पार्क का शांत और ऊर्जावान वातावरण इस अवसर को विशेष बना रहा था। पानी के कुंड के समीप औषधीय पेड़ों की हरियाली, पक्षियों की मधुर चहचहाहट तथा पास ही बहती जलधारा की कल-कल ध्वनि के बीच योग साधकों ने शिक्षक दिवस मनाया।
साधकों ने योग गुरु महेश अग्रवाल के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए कहा कि एक शिक्षक केवल ज्ञान ही नहीं देता, बल्कि जीवन को सही दिशा देने की प्रेरणा भी देता है।
योग के माध्यम से स्वस्थ जीवनशैली, अनुशासन, सकारात्मक सोच और प्रकृति के साथ जुड़ने का संदेश निरंतर दिया जा रहा है।
इस अवसर पर साधकों ने गुरु-शिष्य परंपरा की भावना को स्मरण करते हुए अपने योग शिक्षक के प्रति आभार व्यक्त किया।
शिक्षक दिवस का यह आयोजन केवल सम्मान का अवसर नहीं, बल्कि ज्ञान, संस्कार, स्वास्थ्य और सेवा के प्रति संकल्प को मजबूत करने का अवसर भी बना।
प्रकृति के सुरम्य वातावरण में आयोजित यह कार्यक्रम सादगी, आत्मीयता और सकारात्मक ऊर्जा से परिपूर्ण रहा।
साधकों ने कामना की कि योग और स्वस्थ जीवन का यह संदेश समाज में निरंतर आगे बढ़ता रहे तथा अधिक से अधिक लोग योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाएं।
शिक्षक वह दीप है, जो स्वयं प्रकाशमान रहकर दूसरों के जीवन में प्रकाश फैलाता है।


