कुल शरीफ की फातिहा, नात-ख्वानी और कव्वाली से गूंजा दरगाह परिसर
लुतरा शरीफ में 68वें सालाना उर्स का रूहानी समापन
बिलासपुर। शहंशाहे छत्तीसगढ़ हजरत बाबा सैय्यद इंसान अली शाह रहमतुल्लाहि अलैह के 68वें सालाना उर्स-ए-पाक के अवसर पर लुतरा शरीफ में आयोजित धार्मिक व रूहानी कार्यक्रमों का सिलसिला अकीदत और एहतराम के साथ संपन्न हुआ। उर्स के विभिन्न कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में जायरीन और अकीदतमंद शामिल हुए।
उर्स के दौरान शाही संदल-चादर, अजीमुशान जलसा-ए-तकरीर, दस्तारे हिफ्ज, ऑल इंडिया नातिया मुशायरा, नात-ख्वानी और कव्वाली सहित विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए। शाही संदल-चादर नानी अम्मा की दरगाह से निकालकर पुरानी दरगाह के रास्ते दरगाह शरीफ लाई गई, जहां अकीदत के साथ चादरपोशी की गई। अजीमुशान जलसा-ए-तकरीर में गुले गुलजारे अशरफीयत, फरजंदे गौसे आजम, शहजादा-ए-सिमना हजरत अल्लामा व मौलाना सैय्यद राशिद मक्की मियां, किछौछा शरीफ (उत्तर प्रदेश) ने शिरकत की। कार्यक्रम की जेरे-सदारत मोहसिने कौम-ओ-मिल्लत हजरत मौलाना अल्हाज कारी सैय्यद शब्बीर अहमद अशरफी, कोरबा ने की।
दस्तारे हिफ्ज और प्रतिभाओं का सम्मान
उर्स के दौरान हाफिज मोहम्मद दिलशाद इब्न मो. रिसालत, ग्राम गेरवानी, जिला रायगढ़ तथा हाफिज मोहम्मद शफीक इब्न अलाउद्दीन खान, ग्राम मस्तुरी, जिला बिलासपुर की दस्तारबंदी की गई। वहीं कक्षा 12वीं में 95 प्रतिशत अंक हासिल करने वाली सादिया निकहत को भी सम्मानित किया गया। सादिया निकहत, मोहम्मद शौकत अली हबीबी, हबीबी चैनल के संचालक, लुतरा शरीफ की बेटी हैं। उनकी उपलब्धि पर उपस्थित लोगों ने खुशी जताते हुए उन्हें शुभकामनाएं दीं।
रईस अनीस साबरी की कव्वाली ने बांधा समां
1 अक्टूबर की रात 10 बजे इंटरनेशनल कव्वाल रईस अनीस साबरी की कव्वाली का शानदार कार्यक्रम आयोजित किया गया। उनकी कव्वाली सुनने के लिए बड़ी संख्या में जायरीन मौजूद रहे। देर रात तक दरगाह परिसर रूहानी माहौल और कव्वाली की सदाओं से गूंजता रहा। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सलीम राज तथा कृष्णमूर्ति बांधी सहित जनप्रतिनिधियों और गणमान्य नागरिकों ने भी शिरकत की। मस्तूरी क्षेत्र के विधायक दिलीप लहरिया की मौजूदगी भी रहे।


